क्या है भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 1872? Indian evidence act

भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 1872 (Indian Evidence Act, 1872) मूल रूप से सन 1872 में ब्रिटिश संसद द्वारा पारित किया गया था।

किसी तथ्य को साबित करने के लिए क्या प्रक्रिया अपनाई जाएगी यह साक्ष्य विधि द्वारा तय किया जाता है।

भारत की न्याय प्रक्रिया Indian Evidence Act, 1872 की बुनियाद पर टिकी हुई है|

इंडियन एविडेंस एक्ट की धारा 3 में साक्ष्य या एविडेंस के बारे में बात की गई है| इसके अनुसार ऐसी चीज या  बात जिससे किसी विवादित तथ्य को न्यायालय के सामने स्पष्ट किया जाता है,  उसे साक्ष्य या एविडेंस कहते हैं|